placeholder

सावित्रीबाई फुले: आधुनिक भारत की प्रथम शिक्षिका

Post Views: 662 प्रमोद दीक्षित ‘मलय‘ .भारतवर्ष में 19वीं शताब्दी का उत्तरार्ध शैक्षिक, सामाजिक एवं सांस्कृतिक आंदोलनों एवं समाज में व्याप्त अस्पृश्यता, बाल विवाह, सती प्रथा, कन्या भ्रूण हत्या एवं…

placeholder

बेटियों की निस्बत – अल्ताफ़ हुसैन हाली पानीपती  

Post Views: 228 ज़ाहलियत के ज़माने में ये थी रस्मे अरब के किसी घर में अगर होती थी पैदा दुख़्तर1 संग दिल2 बाप उसे गोद से लेकर माँ की गाड़…

placeholder

दुपट्टा एक लड़की के गले का फंदा है – हरमन दिनेश

Post Views: 812 जिस मुल्क में बेटियों की भ्रूण हत्या को रोकने के लिए बेटी बचाओ जैसा कैंपेन चलाना पड़े उस देस में बेटियाँ कितनी सशक्त होंगी यह सहज अनुमान…

placeholder

लिंग-संवेदी भाषा की ओर एक कदम – डा. सुभाष चंद्र

Post Views: 302 अपने अल्फ़ाज पर नज़र रक्खो,इतनी बेबाक ग़ुफ्तगू न करो,जिनकी क़ायम है झूठ पर अज़मत,सच कभी उनके रूबरू न करो। – बलबीर सिंह राठी आजकल संवेदनशील स्वतंत्रचेता नागरिक ये महसूस…

placeholder

महिला की पूर्व निर्धारित भूमिका में बदलाव -सुमित सौरभ 

Post Views: 887 सामाजिक न्याय अपने निर्माण के पचास वर्षों के दौरान हरियाणा राज्य का तीव्र आर्थिक विकास हुआ है। विकास के माप हेतु निर्मित सूचकांक के विभिन्न सूचकों को…