Tag: औरत-औरत में अंतर है – रजनी तिलक

औरत-औरत में अंतर है – रजनी तिलक

Post Views: 50 औरत औरत होती है, ना उसका कोई धर्म ना कोई जात होती है, वह सुबह से शाम खटती है, घर मे मर्द से पिटती है सड़क पर

Continue readingऔरत-औरत में अंतर है – रजनी तिलक