Tag Archives: उल्टे खूंटे मतना गाडै मै त्यरै ब्याही आ रही सूं

 उल्टे खूंटे मतना गाडै मै त्यरै ब्याही आ रही सूं

रामकिशन राठी (रामकिशन राठी रोहतक में रहते हैं। कहानी लेखक हैं । हरियाणवी भाषा में भी निरतंर लेखन करते हैं और समाज के भूले-बिसरे व अनचिह्ने नायकों पर लेख लिखकर प्रकाश में लाने का महती कार्य करते हैं -सं.) रागनी उल्टे खूंटे मतना गाडै मै त्यरै ब्याही आ रही सूं लोक-लाज तैं डर लागै सै दुनियां तैं सरमा रही सूं

Read more