पीर बुद्धू शाह – सुरेन्द्रपाल सिंह

पीर बुद्धू शाह अपने चार पुत्रों, दो भाइयों और 700 अनुयायियों के साथ सढोरा से चलकर गुरु गोबिन्द सिंह के साथ कंधे से कंधा मिलाकर लड़े। इस लड़ाई में गुरु की फौज को जीत तो हासिल हुई, लेकिन पीर बुद्धू शाह के दो पुत्र अशरफ शाह और मोहम्मद शाह व भाई भूरे शाह शहीद सहित 500 अनुयायी शहीद हुए।

placeholder

सोंद्या कै तो काटड़े ही जामें

Post Views: 576 हरियाणवी लोककथा एक गाम म्हं दो पाळी आपणे डांगर चराया करदे। एक रात नै दोनों की म्हैस ब्याण का सूत बेठग्या। उनमैं जो आलसी था वो बोल्या…

placeholder

निजी स्कूल शिक्षा के प्रति बढ़ रहा असंतोष -दीपक राविश

Post Views: 290 वर्तमान समय में निजी स्कूल शिक्षा के प्रति बढ़ रहे असंतोष के दो मुख्य तात्कालिक कारण हैं। पहला समय-समय पर की जाने वाली फीस वृद्धियों से अभिभावकों…

placeholder

बुद्ध के सिंद्धांत और उपदेश – डा. भीमराव आंबेडकर

Post Views: 377 डा. आंबेडकर ने एक पुस्तक लिखी ‘बुद्ध अथवा कार्ल मार्क्स ‘। इसमें दोनों दार्शनिकों के सिद्धातों की तुलना की।उन्होंने यह इस उम्मीद से किया था कि इससे वर्तमान में…

placeholder

‘हम नहीं रोनी सूरत वाले’ : सावित्रीबाई फुले की कविताई – बजरंग बिहारी तिवारी

Post Views: 2,078 जीवन की गहरी समझ के साथ काव्य-रचना में प्रवृत्त होने वाली सावित्रीबाई फुले (1831-1897) अपने दो काव्य-संग्रहों के बल पर सृजन के इतिहास में अमर हैं. उनका…

वैदिक साहित्य में भाषाई चिन्तन- डॉ. रणवीर सिंह

Post Views: 883   वैदिक साहित्य में सभी स्तरों पर भाषा के संबंध में सूक्ष्म चिन्तन किया गया है । ऋग्वेद के कई पूरे सूक्तों में तथा अन्य वेदों, ब्राह्मणों,आरण्यकों,उपनिषदों…

धार्मिक पूर्वाग्रहों की छाया में भोजन – सुभाष गाताड़े

Post Views: 489 भोजन को लेकर अलग अलग समुदायों/सम्प्रदायों में अलग-अलग तरह की बंदिशें बनी हैं, जो कई बार एक-दूसरे के ख़िलाफ़ भी दिखती हैं।  वर्णसमाज को ही देखें जिसने…

placeholder

हरियाणा लोकसभा चुनाव : मुद्दे गायब, तिकड़म और जातीय समीकरण हार-जीत का आधार- अविनाश सैनी

Post Views: 355 -अविनाश सैनी हरियाणा में चुनावों की बिसात बिछ गई है। मोहरे तय हो चुके हैं। चालें चली जा रही हैं। अपनी-अपनी जीत के दावे ठोके जा रहे…

placeholder

लोकतंत्र की मजबूती, आम आदमी की बेहतरी और खुशहाल भारत के लिए चुनें नई सरकार – योगेंद्र यादव

Post Views: 809 लोकसभा चुनावों के मद्देनजर राजनीतिक चिंतक और स्वराज इंडिया के संयोजक योगेंद्र यादव से अविनाश सैनी की बातचीत अविनाश सैनी- योगेंद्र जी, राजनीतिक-सामाजिक विचारक होने के नाते…

placeholder

झूठा ही सही वायदा क्यूँ न यकीं कर लेते – सुरेन्द्र पाल सिंह

Post Views: 525 2019 में 17वीं लोकसभा के चुनावों के लिए मतदान का सिलसिला जारी है. हमारे राज्य में भी 12 मई को मतदान होना है. आमतौर पर राजनैतिक पार्टियों…