मैं क्यों लिखता हूं? – दिनेश दधिची

Post Views: 453   डॉ. दिनेश दधीचि (दिनेश दधीचि स्वयं उच्च कोटि के कवि व ग़ज़लकार हैं। और विश्व की चर्चित कविताओं के हिंदी में अनुवाद किए हैं, जिंन्हें इन…

नयी सुबह तक

Post Views: 598 कुरुक्षेत्र, 10 मार्च देस हरियाणा द्वारा स्थानीय महात्मा ज्योतिबा फुले सावित्रीबाई फुले पुस्तकालय में देश की पहली शिक्षिका सावित्रीबाई फुले की पुण्यतिथि के उपलक्ष्य में सेवानिवृत्त आईएएस…

अंततः – वेंडी बार्कर

Post Views: 91 वेंडी बार्कर  अनुवाद दिनेश दधिची एक-दूजे के जलाशय में रहे हम तैरते रात-भर धुलती रही घुलती रही चट्टान तट पर धार से . जल-धार से . खुरदरे…

चार कविताएं – वेंडी बार्कर

Post Views: 217 वेंडी बार्कर (जन्म 1942 ) अनुवाद  दिनेश दधीचि (1) याद है हव्वा को मैंने तो बस उसका झुकना भर देखा पथ पर देखा—वह कुछ सोच-समझ कर झुका…

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मेरी ओर हुए आकर्षित, ऐसे नए व्यक्ति हो तुम?

Post Views: 157 वाल्ट व्हिट्मन (1819-1892) मेरी ओर हुए आकर्षित, ऐसे नए व्यक्ति हो तुम?   मेरी ओर हुए आकर्षित, ऐसे नए व्यक्ति हो तुम? चेता दूँ शुरुआत में तुम्हें,…

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घायल हिरण

Post Views: 276 विलियम काउपर (1731-1800)  अनुवाद दिनेश दधीचि चोट खाया हिरण था मैं, अरसा पहले झुण्ड पुराना छूट गया था, साँस जिधर से लेता हूँ मैं, उधर बहुत-से तीर गड़े थे…

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अगर तुम मुझे भुला दोगी – पाब्लो नेरुदा

Post Views: 262 पाब्लो नेरुदा (1904-1973) अनुवाद दिनेश दधीचि मैं चाहता हूँ कि एक बात तुम जान लो. होता दरअसल यूँ है कि अगर मैं अपनी खिड़की पर धीरे-धीरे आते पतझड़…

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सॉनेट सत्रह – पाब्लो नेरुदा

Post Views: 209 पाब्लो नेरुदा अनुवाद दिनेश दधीचि मुझे प्यार है तुमसे अनबूझा अनजाना कैसे कब और कहाँ से हुआ, नहीं जानता । सीधे-सीधे प्यार किया करता हूँ तुमसे नहीं…

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आईना

Post Views: 214 सिल्विया प्लैथ (1932-1963) अनुवाद दिनेश दधीचि   रुपहला हूँ मैं, और बिलकुल सही; बनी-बनाई नहीं धारणा मेरी कोई. जो कुछ भी मैं देखूं उसको तुरत निगल जाता हूँ जैसा हो,…

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गीत

Post Views: 201 एस्थर मैथ्यूज़  अनुवाद दिनेश दधीचि नहीं, डियर, मैं प्यार की बात नहीं करती हूँ, मैं जो बात कर रही हूँ, वह और ही कुछ है. प्यार तो…