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नूरू की थाली – रामकिशन राठी 

Post Views: 151 घोड़े दौड़ रहे थे…क्यड़पड़-क्यड़पड़, नगाड़े बज रहे थे…पडग़ड़ाम…पडग़ड़ाम-पडग़ड़ाम… लड़ाई के मैदान के नजारे को बयान करते हुए वह मुंह से ऐसी आवाजें निकालता था जो हूबहू घोड़े…

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माई दे मालोटा – कमलेश चौधरी

Post Views: 140 हरियाणवी कहानी हरियाणा के जिस स्थान पर मैं रहती हूं, वह कुछ सालों पहले तक ठेठ गांव  था। धीरे-धीरे वह विकसित होकर कस्बे का रूप धारण कर…

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करवा का व्रत

Post Views: 208 यशपाल जन्म: 3 दिसम्बर, 1903 ई. फ़िरोजपुर छावनी, पंजाब, भारत मृत्यु: 26 दिसंबर, 1976 ई.   कन्हैयालाल अपने दफ्तर के हमजोलियों और मित्रों से दो तीन बरस बड़ा ही था, परन्तु ब्याह उसका…

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फूली – तारा पांचाल

Post Views: 421 उचटी नींद के ऊल-जलूल सपने और उन सपनों के शुभ-अशुभ विचार। दुली के परिवार में कुछ दिनों से ऐसे ही सपने देखे जा रहे थे। कभी-कभी ये…

कब्रिस्तान की बेरियां -कुलबीर सिंह मलिक

Post Views: 227 कहानी मुल्क के बंटवारे के साथ हिन्दुओं और मुसलमानों के बीच जो खून की होली खेली गई उसके कहर से उत्तर भारत का, विशेषत: पंजाब का, कोई…

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अपराधी – दिनेश दधिची

Post Views: 391 दिनेश दधीचि पार्क में पेड़ प्रतीक्षा कर रहे हैं और पौधे बालकों की तरह ठुनक रहे हैं। इन दिनों पेड़ पौधों को तीखी भूख लगने से पूर्व…

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काकी – सियारामशरण गुप्त

Post Views: 336 बाल कहानी उस दिन शामू की नींद बड़े सवेरे खुल गई। उसने देखा कि घर में कोहराम मचा हुआ है। उसकी काकी जमीन पर सो रही है।…

दो मुंह वाला देवता

Post Views: 176 अमृत लाल मदान                 मामी जी को दो दिनों के लिए तावडू वापिस जाना पड़ा, जहां जाकर उन्हें अपने और मामा जी के मैले कपड़े धोने थे,…

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हरियाणा में हिन्दी कहानी का परिदृश्य

Post Views: 357 ज्ञान प्रकाश विवेक ज्ञान प्रकाश विवेक हरियाणा के प्रख्यात कथाकार हैं। उन्होंने नई कथा-भाषा का सृजन करते हुए कहानी को कलात्मक उच्चता प्रदान की है। अपने समय…

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कहानी का रंगमंच -पंकज कुमार

Post Views: 179 आलेख आधुनिक काल में रंगमंच शब्द का प्रयोग व्यापक धरातल पर किया जाता है जिसमें रंगमंच के स्थूल तत्व, मंच, दृश्य-सज्जा, प्रकाश-व्यवस्थाओं, ध्वनि-संगीत योजना, नेपथ्य इत्यादि तो…